भारतीय प्रबंधन संस्थान (IIM) रायपुर, जिसे #BuildingBusinessOwners के विज़न के लिए जाना जाता है, ने सितंबर 2025 के लिए अपने मैनेजमेंट डेवलपमेंट प्रोग्राम्स (MDPs) की घोषणा की है। इन कार्यक्रमों का मुख्य उद्देश्य भविष्य के लिए तैयार नेतृत्व का विकास करना, डिजिटल ट्रांसफ़ॉर्मेशन को अपनाना और कर्मचारियों के कल्याण को बढ़ावा देना है।
इस बार IIM रायपुर कुल 07 विशेष MDPs आयोजित करने जा रहा है, जिनका संचालन संस्थान के अनुभवी फैकल्टी मेंबर्स द्वारा किया जाएगा।
कार्यक्रमों की मुख्य झलकियाँ
ये मैनेजमेंट डेवलपमेंट प्रोग्राम्स विभिन्न प्रबंधन क्षेत्रों को कवर करते हैं जैसे:
- स्ट्रैटेजिक मैनेजमेंट
- इनफॉर्मेशन सिस्टम्स
- जनरल मैनेजमेंट
- मानव संसाधन प्रबंधन एवं संगठनात्मक व्यवहार (HRM & OB)
- बिज़नेस एनालिटिक्स
इनोवेशन, को-क्रिएशन और डिज़ाइन थिंकिंग
- तिथि: 25–27 सितम्बर 2025 (3 दिन)
- निदेशक: डॉ. सत्यसीबा दास, डॉ. सुमीत गुप्ता
Leveraging ChatGPT for Business & Education
- तिथि: 4–5 सितम्बर 2025 (2 दिन)
- निदेशक: डॉ. रबिन के. जाना, डॉ. जितेश ए., डॉ. मनीजित चट्टोपाध्याय
डिजिटल ट्रांसफ़ॉर्मेशन
- तिथि: 8–9 सितम्बर 2025 (2 दिन)
- निदेशक: डॉ. सुमीत गुप्ता, डॉ. सत्यसीबा दास
कर्मचारी कल्याण और नेतृत्व आधारित HR प्रोग्राम
- तिथि: 9–11 सितम्बर 2025 (3 दिन)
- निदेशक: डॉ. बद्रीनारायण एस. पवार
लेबर कोड मास्टरक्लास
- तिथि: 12–13 सितम्बर 2025 (2 दिन)
- निदेशक: डॉ. सतीश आनंद
हेल्थकेयर मैनेजमेंट
- तिथि: 20–22 सितम्बर 2025 (3 दिन)
- निदेशक: डॉ. जिघ्यासु गौर
बिज़नेस एनालिटिक्स
- तिथि: 27–29 सितम्बर 2025 (3 दिन)
- निदेशक: डॉ. जिघ्यासु गौर
क्यों खास हैं IIM रायपुर के MDPs?
- प्रतिभागियों को कटिंग-एज नॉलेज और स्ट्रैटेजिक इनसाइट्स मिलेंगी।
- हर मॉड्यूल इंडस्ट्री-फोकस्ड और फ्यूचर-रेडी है।
- केस स्टडी, लाइव डिस्कशन और इंटरैक्टिव सेशन से प्रैक्टिकल लर्निंग।
- AI और ChatGPT जैसे आधुनिक टूल्स को बिज़नेस व एजुकेशन में अपनाने पर विशेष जोर।
- लीडरशिप और जस्टिस-बेस्ड वर्क कल्चर बनाने के लिए विशेष प्रशिक्षण।
IIM रायपुर के डायरेक्टर-इन-चार्ज प्रो. संजीव पराशर ने कहा:
“हम एक्जीक्यूटिव एजुकेशन को केवल करियर नहीं, बल्कि संगठनों के भविष्य के लिए एक रणनीतिक निवेश मानते हैं। सितंबर 2025 के हमारे MDPs आज के व्यवसाय जगत की सबसे अहम जरूरतों को पूरा करते हैं—AI को अपनाना, लेबर कोड समझना, और नेतृत्व में जस्टिस और वेल-बीइंग को बढ़ावा देना। हर मॉड्यूल रिसर्च और इंडस्ट्री एंगेजमेंट पर आधारित है, जो प्रतिभागियों को उद्देश्यपूर्ण और दूरदर्शी नेतृत्व सिखाएगा।”
IIM रायपुर का सितंबर 2025 का MDP कैलेंडर इस बात का प्रमाण है कि भारत में प्रबंधन शिक्षा अब केवल किताबों तक सीमित नहीं, बल्कि उद्योग की चुनौतियों और वैश्विक अवसरों के साथ कदम से कदम मिलाकर चल रही है।
यह उन प्रोफेशनल्स के लिए सुनहरा अवसर है जो अपनी लीडरशिप स्किल्स, डिजिटल नॉलेज और स्ट्रैटेजिक थिंकिंग को अगले स्तर पर ले जाना चाहते हैं।



